Chauhan Kalyan Society

हमारा उद्देश

1. बालक बालिकाओं के लिए प्रारम्भिक स्तर से लेकर उच्च शिक्षा स्तर तक शिक्षा विभाग के मानको के अनुसार शिक्षण संस्थाओं की स्थापना कर संचालित करना तथा उनके पठन पाठन की समुचित व्यवस्था करना ।
2. पल्स पोलियो ड्राप, एड्स, कैन्सर, टी०बी०, हैपेटाइटिस, मधुमेह, नशामुक्ति, कुष्ठ रोग मलेरिया एवं जानलेवा रोगों की पहचान/जांच कर उसकी रोकथाम के उपाय करना तथा जागरूकता शिविरो की आयोजन कर उनका उन्मूलन करना।
3. महिलाओं/बालिकाओं तथा युवकों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सिलाई, कढाई, बुनाई शिल्पकला, ब्यूटीशियन कोर्स, हस्तशिल्पकला, ललित कला, संगीत, गायन, वादन फैशन डिजाइनिंग, चिकन प्रिन्टिंग, जरी, ज्वैलरी मेकिंग, मेंहदी, वाल पेन्टिंग, मिटटी के वर्तन, फ्लावर मेकिंग, अचार, मुरब्बा, फल संरक्षण खादी तथा कलात्मक वस्तुओं के निर्माण आदि का निःशुल्क प्रशिक्षण दिलाकर उन्हें स्वावलम्बी बनाना तथा हस्तशिल्प. उद्योगों को बढावा देना तथा हस्तशिल्पियों के विकास एवं उत्थान एवं पुर्नवास की समुचित व्यवस्था कराना।….
4. अनु०जाति, जनजाति, कमजोर वर्ग एवं पिछडे, अल्पसंख्यक वर्ग के युवाओं / महिलाओं हेतु आधुनिक शिक्षण संस्थाओं जैसे -कम्प्यूटर शिक्षा, व्यावसायिक शिक्षा, तकनीकी शिक्षा तथा इलेक्ट्रानिक प्रशिक्षण केन्द्रों की निःशुल्क व्यवस्था कर संचालित करना तथा बेरोजगार बालक बालिकाओं के लिए हार्डवेयर/ साफ्टवेयर का निःशुल्क प्रशिक्षण की व्यवस्था कर संचालित कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना ।
5. राज्य सरकार, केन्द्र सरकार, समाज कल्यांण विभाग, उ०प्र०एवं केन्द्रीय समाज कल्याण बोर्ड, महिला कल्याण विभाग / निगम, हस्तशिल्प वस्त्र मंत्रालय विभाग, नाबार्ड, कपार्ट, सिडवी, सिफ्सा, अल्पसंख्यक विभाग, मानव संसाधन विकास मंत्रालय, खादी ग्रामोद्योग आयोग, ग्रामोद्योग बोर्ड, कृषि मंत्रालय विकास विभाग, मद्य निषेध, सांस्कृतिक विभाग, प्रौढ शिक्षा अनौपचारिक शिक्षा एवं बाल विकास कल्याण निदेशालय, बागवानी बोर्ड, यूनीसेफ विकलांग विभाग एवं महिला कोष ग्राम्य विकास विभाग, ग्रामीण मंत्रालय, परिवार कल्याण मंत्रालय, राष्ट्रीय कौशल विकास निगम, नेशनल बुक ट्रस्ट, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय हाल्टिकल्चर विभाग पिछडा वर्ग विभाग, वन विभाग, सी०एस०आर० (कार्पोरेंट. सोशल रिस्पोन्सबिलिटी) व अन्य वित्तीय संस्थाओं द्वारा संचालित विकास कार्यक्रमों का प्रचार प्रसार कार्य करना ।
6. समाज के मूक, बधिर, नेत्रहीन, विकलांग लोगो के शैक्षिक बौद्धिक विकास हेतु शिक्षण प्रशिक्षण संस्थाये खोलना तथा योग्यतानुसार शिक्षण प्रशिक्षण प्राप्त कर उन्हें स्वावलम्बी बनाना।
7. मेधावी छात्रो के लिए मेडिकल/ इंजीनियरिंग कालेज आदि शिक्षण संस्थाओं की स्थापना शासन की अनुमति के उपरान्त करना व समाज की मुख्य धारा से जोडने के लिए सतत प्रयास करना ।
8. विधवा निराश्रित, प्रताडित, पीडित, असहाय, परित्यक्ता तथा गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले नागरिको के बच्चे-बच्चियों को निःशुल्क शिक्षण एवं प्रशिक्षण करना
9. सामाजिक कुरीतियों जैसे-दहेज प्रथा, मद्यपान, महिला उत्पीडन, घरेलू हिंसा, अस्पृश्यता निवारण, धूम्रपान आदि के निवारणार्थ विचार गोष्ठियों / शिविरों के माध्यम से जन हित में प्रचार प्रसार करना तथा किसी जाति धर्म एवं ऊँच नीच की भावनाओं को दूर करना एवं पीडितों की मदद करना ।
10. जन कल्याण के कार्यों हेतु किसी व्यक्ति संस्था राज्य सरकार, केन्द्र सरकार से आर्थिक सहायता प्राप्त करना।
11. ग्रामीण स्वच्छता, शुद्ध पेयजल, ग्रामीण विकास, ग्रामीण अंचलों में जल एवं भूमि प्रबन्धन कार्यक्रमों का प्रचार प्रसार करना तथा हैण्डपम्प नाली सम्पर्क मार्ग,खडंजा आदि की समुचित व्यवस्था कराने का प्रयास करना
12. खादी ग्रामोद्योग बोर्ड, उ०प्र०अखिल भारतीय खादी तथा ग्रामोद्योग आयोग कमीशन जिला उद्योग केन्द्र की प्रवृत्ति व पैटर्न के अनुसार ग्रामोद्योगो कुटीर उद्योगो रेशम उद्योग की स्थापना व प्रचार प्रसार करना ।
13. अल्पसंख्यक वर्ग ( मुस्लिम वर्ग ) के बालक बालिकाओं के लिए मदरसा की व्यवस्था कर संचालित करना तथा हिन्दी, उर्दू, फारसी, अरबी, अंग्रेजी भाषाओं के तालीम क. व्यवस्था करना ।
14. आवासीय विद्यालय, अनावासीय विद्यालय, अल्पसंख्यक विद्यालय,मिड डे स्कूल, महिला श्रमजीवी आवास एवं ग्रामीण स्वच्छता कार्यक्रम की समुचित व्यवस्था कर संचालित करना ।
15. बालबाडी, आंगनबाडी, पालनाघर, कैच शिशु रक्षा केन्द्र, बाल आश्रम, अनाथालय, विधवा आश्रम, बृद्धाश्रम एवं बाल सम्प्रेषण गृह केन्द्र की व्यवस्था करना तथा बच्चो के आहार एवं निःशुल्क स्वास्थ्य चिकित्सा की समुचित व्यवस्था कराना ।
16. रक्तदान, नेत्र चिकित्सा, दन्त चिकित्सा, नेत्रदान, देहदान परिवार नियोजन, दुर्घटना पीडितो के उत्तम स्वास्थ्य के लिए टीकाकरण आदि कार्यक्रमों को स्वास्थ्य विभाग के अनुमति के उपरान्त कसना ।
17. संस्था के माध्यम से मोबाइल डिस्पेन्सरी कैम्प, स्वास्थ्य कैम्प, समय-2 पर निःशुल्क चिकित्सा, रक्तदान शिविर निर्धन, निराश्रित, पिछडे वर्ग एवं कमजोर वर्ग के लोगों को चिकित्सा उपलब्ध कराना ।।
18. आर0सी0एच0बाल प्रजनन व बाल स्वास्थ्य कार्यक्रमों का प्रचार प्रसार करना ।
19. ज्ञानवर्धन हेतु निःशुल्क पुस्तकालय, वाचनालय की स्थापना करना तथा छात्रावास,खेलकूद प्रतियोगिता, मनोरंजन एवं शहरी एवं ग्रामीण पर्यटन और पर्यटन जागरूकता कार्यक्रमों का संचालन करना ।
20. आकस्मिक आपदा, जैसे महामारी, सूखा, बाढ, अग्निकाण्ड, ओलावृष्टि, तूफान, भूकम्प, सडक दुर्घटना एवं सडक सुरक्षा आदि के समय सम्बन्धित पीडितो की हरसंभव सहायता करना ।
21. कमजोर उपेक्षित, दलितो, पिछडो के उत्थान हेतु विकास कार्य एवं बाल श्रम कानून का समर्थन करते हुये बाल श्रम विद्यालय की स्थापना कर संचालित करना एव स्ट्रीट चिल्ड्रेन बच्चो को संरक्षण देते हुये बौद्धिक विकास हेतु यथासंभव प्रयास करना ।
22. वायु, जल व ध्वनि प्रदूषण, पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण के रोकथाम के लिए प्रचा प्रसार तथा प्रदूषण की रोकथाम के कार्य करना तथा वृक्षारोपण जैसे राष्ट्रीय कार्यक्रमों का प्रचार प्रसार करना ।

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